Home छत्तीसगढ़ शहीद संजय यादव का बलिदान छत्तीसगढ़ के इतिहास में अमिट रहेगा: श्री...

शहीद संजय यादव का बलिदान छत्तीसगढ़ के इतिहास में अमिट रहेगा: श्री विजय शर्मा

67
0
SAVE_20260918_191029
SAVE_20260918_191016
SAVE_20260918_191024
SAVE_20260925_190202
SAVE_20260925_190208

शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में शहीद संजय यादव की प्रतिमा का अनावरण

रायपुर,

उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने रायपुर के टिकरापारा स्थित संजय नगर के शहीद संजय यादव शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में शहीद श्री संजय यादव की प्रतिमा का अनावरण किया।

उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि शहीद संजय यादव का बलिदान छत्तीसगढ़ के इतिहास में अमिट रहेगा। उन्होंने कहा कि नक्सलियों से लड़ाई लोकतंत्र बचाने की लड़ाई है। लोकतंत्र की रक्षा के लिए अपने जीवन का बलिदान देने वाले का एहसान हम सभी पर है। उन्होंने कहा कि शहीद संजय यादव के परिवारजनों की बेहतर शिक्षा-दीक्षा के परिणामस्वरूप ही वे जीवन के सर्वाेच्च बलिदान देने के लिए आगे बढ़े।

उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की सरकार उन सभी शहीदों का स्मारक बनवाएगी, जिन्होंने अपने जीवन को लोकतंत्र और समाज की रक्षा के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग कर दिया है। यह निर्णय छत्तीसगढ़ के वीर सपूतों के प्रति हमारी कृतज्ञता का प्रतीक होगा।

गौरतलब है कि शहीद प्रधान आरक्षक श्री संजय यादव का जन्म 21 मार्च 1974 को जिला रायपुर के टिकरापारा, में हुआ। उनकी माता का नाम श्रीमती श्यामा बाई यादव और पिता का नाम श्री बरातु राम यादव है। बचपन से ही मेधावी और अनुशासित छात्र संजय यादव ने अपनी प्राथमिक शिक्षा टिकरापारा के नुतन शासकीय स्कूल और खालसा स्कूल, रायपुर से प्राप्त की।

श्री संजय यादव ने 04 सितंबर 1998 को रायपुर नगर सेवा में भर्ती होकर 07 वर्षों तक सेवा दी। 2005 में वे जिला राजनांदगांव में जीडी आरक्षक के पद पर भर्ती हुए और पुलिस विभाग में अपनी सेवाएँ दीं। 2008 में उनके उत्कृष्ठ कार्य और नक्सली नेटवर्क को तोड़ने के कारण उन्हें आउट ऑफ प्रमोशन देकर प्रधान आरक्षक के पद पर प्रमोट किया गया।
12 जुलाई 2009 को शहीद संजय यादव ने राजनांदगांव क्षेत्र के मदनवाड़ा थाना मोहला के अंतर्गत कोरकटटी में नक्सली मुठभेड़ के दौरान तत्कालीन पुलिस अधीक्षक शहीद श्री विनोद चौबे के साथ अदम्य साहस का परिचय देते हुए वीरगति प्राप्त की।