Home छत्तीसगढ़ धान खरीदी में सुगमता हेतु ‘तुहर टोकन मोबाइल एप’ प्रारंभ — किसानों...

धान खरीदी में सुगमता हेतु ‘तुहर टोकन मोबाइल एप’ प्रारंभ — किसानों को मिलेगी घर बैठे टोकन सुविधा, समितियों में लंबी कतारों से मिलेगी मुक्ति

98
0
SAVE_20260918_191029
SAVE_20260918_191016
SAVE_20260918_191024
SAVE_20260925_190202
SAVE_20260925_190208

रायपुर 12 नवम्बर 2025/किसानों को धान विक्रय हेतु सुगम एवं बेहतर व्यवस्था प्रदाय किये जाने हेतु खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में ‘तुहर टोकन मोबाइल एप’ प्रारंभ किया गया है। इस एप के माध्यम से किसानों को घर बैठे धान विक्रय हेतु टोकन की व्यवस्था उपलब्ध होगी, जिससे समितियों में लंबी कतारों से मुक्ति मिलेगी।

 

यह मोबाइल ऐप गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध है। इस ऐप में किसानों को सर्वप्रथम आधार आधारित ओटीपी के माध्यम से पंजीयन करना होगा। किसान प्रतिदिन सुबह 8.00 बजे से इस ऐप के माध्यम से टोकन हेतु आवेदन कर सकेंगे।

 

खाद्य सचिव श्रीमती रीना बाबा साहेब कंगाले ने जानकारी दी कि धान खरीदी प्रक्रिया में पारदर्शिता और सुविधा को ध्यान में रखते हुए, सीमांत कृषक (2 एकड़ या 2 एकड़ से कम भूमि) को अधिकतम 1 टोकन, लघु कृषक ( 2 से 10 एकड़ तक) को अधिकतम 2 टोकन तथा दीर्घ कृषक (10 एकड़ से अधिक) को अधिकतम 3 टोकन प्रदान किये जायेंगे।

 

नया टोकन बनाने हेतु समय-सीमा रविवार से शुक्रवार तक (प्रातः 8.00 बजे से सायं 5.00 बजे तक) निर्धारित की गई है। जारी टोकन आगामी 07 खरीदी दिवसों के लिए मान्य रहेंगे।

 

धान खरीदी केन्द्र की प्रतिदिन की खरीदी सीमा का 70 प्रतिशत हिस्सा मोबाइल एप के माध्यम से टोकन हेतु आरक्षित रहेगा। इस 70 प्रतिशत में से लघु एवं सीमांत कृषक हेतु 80 प्रतिशत तथा दीर्घ कृषक हेतु 20 प्रतिशत का आरक्षण किया गया है।

 

उदाहरण स्वरूप यदि किसी उपार्जन केन्द्र की प्रतिदिन की खरीदी सीमा 1000 क्विंटल है, तो मोबाइल ऐप हेतु आरक्षित 700 क्विंटल में से 560 क्विंटल लघु एवं सीमांत कृषकों हेतु तथा 140 क्विंटल दीर्घ कृषकों हेतु आरक्षित रहेगा।

 

शेष 30 प्रतिशत टोकन सोसाइटी स्तर पर भी किसानों हेतु उपलब्ध रहेंगे, जिससे सभी वर्ग के किसानों को धान विक्रय हेतु सहज और सुगम व्यवस्था प्राप्त हो सके।

 

खाद्य विभाग द्वारा विकसित ‘तुहर टोकन मोबाइल एप’ राज्य के किसानों को आधुनिक तकनीक के माध्यम से सशक्त बनाते हुए खरीदी व्यवस्था में पारदर्शिता, समान अवसर और समय की बचत सुनिश्चित करेगा।