Home राजनीति इंडिया की बैठक से पहले नेताओं के अपने-अपने राग और बयान

इंडिया की बैठक से पहले नेताओं के अपने-अपने राग और बयान

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मुंबई । महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में विपक्षी दलों के महागठबंधन आईएनडीआईए की तीसरी बैठक 31 अगस्त और 1 सितंबर को होने वाली है। बैठक से पहले बयानबाजी तेज है। अलग-अलग दलों ने अपने-अपने हिसाब से प्रधानमंत्री पद को लेकर दावेदारी भी की है। 2 दिवसीय बैठक से पहले ही मुंबई में पोस्टर और होर्डिंग्स से पट गई है। पोस्टर और होर्डिंग्स में इंडिया गठबंधन के नेता दिखाई दे रहे हैं। इसमें ममता बनर्जी, सीताराम येचुरी, चौधरी जयंत सिंह, उमर अब्दुल्ला, उद्धव ठाकरे आदि शामिल हैं।
सीपीआई महासचिव डी राजा ने बैठक से पहले कहा कि इंडिया गठबंधन का प्राथमिक उद्देश्य देश को बचाने, संविधान, लोकतंत्र, धर्मनिरपेक्षता संघवाद को बचाने के लिए सामूहिक रूप से लड़ना और भाजपा को हराना है। देश बहुत संकट में है। देश अनेक संकटों में है और देश को भाजपा-आरएसएस के चंगुल से मिलकर मुक्त कराना है। विपक्ष के एक साथ आने का यही प्राथमिक उद्देश्य है… हमें विश्वास है कि भाजपा को सत्ता से हटा दिया जाएगा। वहीं बैठक से पहले राज्यसभा सांसद और राजद नेता मनोज झा ने कहा कि बैठक के बाद हमारे पास एक ठोस आधार और एक रोडमैप होगा और हम कह सकते हैं कि हम इस देश को वापस पटरी पर ला रहे हैं…हर पार्टी अपने नेता को शीर्ष पर (पीएम पद) देखना चाहती है, लेकिन सभी को संयुक्त बैठक के नतीजे का इंतजार करना चाहिए। बिहार के उपमुख्यमंत्री और राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि हम (विपक्षी दल) सांप्रदायिक ताकतों से लड़ने के लिए एक साथ आए हैं। देश की जनता चाहती थी कि हम इस गठबंधन को बनाने का काम करें…हर कोई जानता है कि पीएम चुनने की प्रक्रिया क्या होती है। सांसद अपना नेता चुनने वाले हैं। (इंडिया के पीएम) पीएम मोदी से अधिक ईमानदार और लोगों के प्रति वफादार होगा। इतना ही नहीं एलपीजी सिलेंडर की कीमतों में कटौती पर बिहार के उपमुख्यमंत्री और राजद नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि अगर हम आपकी जेब से 5,000 रुपए लेकर 200 रुपए वापस कर दें को फायदा हुआ या नुकसान हुआ। देश के लोग यह जानते हैं और वे (केंद्र सरकार) आगामी राज्य चुनावों के मद्देनजर ऐसा कर रहे हैं। यह एक चुनावी स्टंट है। इंडिया गठबंधन के नेता के चेहरे पर समाजवादी पार्टी के नेता शिवपाल यादव ने यूपी के इटावा में कहा कि उनके (विपक्षी दलों) पास कई नेता हैं और वे एक चेहरा ढूंढ लेने वाले हैं। आपको इसके बारे में चिंता करने की जरूरत नहीं है। कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि हमारे बीच कोई गतिरोध नहीं है…हम (आईएनडीआईए) एक बड़े लक्ष्य के साथ एकजुट हुए हैं और एक बड़ी चीज हासिल करना चाहते हैं और वह है भारत को एकजुट रखना… कुछ चीजें चुनाव के बाद तय की जाएगी। महाराष्ट्र में कांग्रेस प्रमुख नाना पटोले ने पार्टियों के सीट बंटवारे के बारे में पूछने पर कहा कि हमारा मुख्य लक्ष्य इस तानाशाही को खत्म करना है…यह फैसला (सीटों के बंटवारे पर) अलग-अलग राज्यों में पार्टियों की योग्यता के अनुसार होगा।
बैठक से पहले आप सांसद राघव चड्ढा ने कहा कि अरविंद केजरीवाल पीएम बनने की दौड़ में नहीं हैं। आप ने आईएनडीआईए गठबंधन में शामिल होने का फैसला देश के हित के लिए है… क्या भाजपा में पीएम मोदी के अलावा कोई ऐसा चेहरा है। क्या भाजपा में कोई है जो कह सके कि हम चाहते हैं कि नितिन गडकरी, योगी आदित्यनाथ या चिराग पासवान की पार्टी या एनडीए के किसी अन्य घटक दल से कोई प्रधानमंत्री बने… इनके यहां ऐसी इच्छा भी जाहिर नहीं कर सकते। वहीं कांग्रेस नेता संजय निरुपम ने बैठक से पहले कहा कि सभी कांग्रेस कार्यकर्ता चाहते हैं कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनें… जीत दर्ज करने के बाद, सभी नेता (विपक्ष के) प्रधानमंत्री का फैसला करने वाले है। वहीं बैठक से पहले शिवसेना नेता (यूबीटी) और सांसद संजय राउत ने कहा कि जैसे-जैसे विपक्ष का भारत गठबंधन आगे बढ़ेगा, हमारी ताकत देखकर चीन सीमाओं से पीछे हटना शुरू करेगा।