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समर कैम्प बच्चों में निहित प्रतिभाओं को तराशने का अच्छा माध्यम : कलेक्टर

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राजनांदगांव। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने सभी स्कूलों में समर कैम्प आयोजन के संबंध में आज शिक्षा एवं संबद्ध विभाग के अधिकारियों की बैठक कलेक्टोरेट सभाकक्ष में ली। कलेक्टर श्री अग्रवाल ने जिले के सभी स्कूलों में आगामी 20 मई से 31 मई 2024 तक समर कैम्प का आयोजन करने के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि समर कैम्प सुबह 7 बजे से 9.30 बजे तक आयोजित किया जाएगा, यह कैम्प पूर्णतः स्वैच्छिक रहेगा। उन्होंने समर कैम्प आयोजित करने के लिए सभी संस्था प्रमुखों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बच्चों के लिए समर कैम्प बहुत अच्छा कार्यक्रम है। इसके जरिये बच्चों की विभिन्न गतिविधियां एवं प्रतिभाएं सामने आती है। समर कैम्प के माध्यम से बच्चों में निहित प्रतिभाओं को तराशने का कार्य किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सभी बच्चों में कुछ न कुछ प्रतिभा होती है। उनमें जो विशेष गुण है, जिससे दूसरों को बहुत कुछ सीखा जा सकता है। ऐसे बच्चों का विशेष रूप से आर्ब्जव करके उनकी एक्टीविटी को और अच्छा करने के लिए प्रोत्साहित करने कहा। बच्चों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने से उनका परिणाम बहुत अच्छा आएगा। बैठक में समर कैम्प में विभिन्न रचनात्मक गतिविधियों से बच्चों के कौशल विकास के लिए कार्ययोजना बनाई गई और शिक्षा विभाग के अधिकारियों, प्राचार्यों एवं शिक्षकों से सुझाव लिया गया।
वर्तमान में विद्यालयों में ग्रीष्मकालीन अवकाश प्रभावी है, इस दौरान छात्र-छात्राओं को रचनात्मक गतिविधियों में संलग्न कर उनमें बहुमुखी कौशल का विकास के लिए समर कैम्प का आयोजन किया जा रहा है। समर कैम्प से रचनात्मक गतिविधियों में छात्र-छात्राओं के पालक एवं उनके शिक्षकों का मार्गदर्शन उपयोगी होगा। छात्र-छात्राओं में परस्पर रचनात्मक गतिविधियों के आदान-प्रदान के लिए समर कैम्प आयोजित करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गये हैं। इसके तहत छात्र-छात्राओं हेतु समर कैम्प स्कूलों में अथवा गांव और शहर के सामुदायिक स्थानों में आयोजित किया जा सकता है। समर कैम्प में कला क्षेत्र, रचनात्मक क्षेत्र के विशेषज्ञों को आमंत्रित करके उनसे छात्र-छात्राओं को मार्गदर्शन, प्रशिक्षण दिलाया जाएगा। साथ ही समर कैंप के दौरान स्कूलों में गांव के बुजुर्ग सेवानिवृत्ति व्यक्तियों से भी बच्चों के साथ खेलकूद की गतिविधियों में शामिल होने की अपील करने की बात कही गई है। समर कैम्प में स्कूल के शिक्षक एवं छात्र-छात्राओं के पालकों एवं शाला विकास समिति का भी सहयोग लिया जाएगा। समर कैम्प में रचनात्मक गतिविधियां जैसे चित्रकारी, गायन, वादन, निबंध, कहानी लेखन, हस्तलिपि लेखन, नृत्य, खेलकूद, अपने गांव एवं शहर का ऐतिहासिक परिचय इत्यादि का संचालन किया जाएगा।
समर कैम्प के आयोजन से पूर्व शाला विकास समिति एवं पालक शिक्षक समिति से सहमति ली जाएगी। यह आयोजन पूर्णतः स्वैच्छिक रहेगा तथा समर कैम्प सुबह 7 बजे से 9.30 बजे के मध्य संचालित किया जाएगा। बैठक में सहायक संचालक आदित्य खरे, जिला मिशन समन्वयक सतीश ब्यौहरे, एडीपीओ पीआर झाड़े, जिला परियोजना अधिकारी साक्षरता श्रीमती रश्मि सिंह, एपीसी एमआर अंसारी, आदर्श वासनिक, मनोज मरकाम, बीईओ आरएल पात्रे, प्रशांत चिर्वतकर, भारती आहूजा आर्य, विरेंद्र कौर गरचा, प्राचार्य, एबीईओ, बीआरसी, सीएसी, शिक्षक उपस्थित थे।