Home छत्तीसगढ़ बिगड़े हैण्ड पंपों का होगा तत्काल मरम्मत

बिगड़े हैण्ड पंपों का होगा तत्काल मरम्मत

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कलेक्टर डॉ. प्रियंका शुक्ला ने आज लोक स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की बैठक लेकर जल जीवन मिषन के कार्यों में प्रगति, नलजल योजना, हैण्ड पंप तथा पेयजल स्त्रोतों की जानकारी लेते हुए बिगड़े हैण्डपंपों को तत्काल मरम्मत कराने के लिए पीएचई के अधिकारियों को निर्देषित किया है। सभी जनपद पंचायतों में हैण्डपंपो एवं नलजल योजना के संधारण के लिए क्लस्टर बनाकर पेयजल मितान तैनात करने के लिए कार्ययोजना प्रस्तुत करने पीएचई के कार्यपालन अभियंता एस.आर नेताम को निर्देषित किया गया। बिगड़े हुए हैण्डपंपों एवं  नल जल योजना के संधारण के लिए पेयजल मितान को विधिवत  प्रषिक्षण दिया जायेगा तथा उन्हें पांच-पांच ग्राम पंचायतों का कलस्टर बनाकर तैनात किये जायेंगे। समीक्षा के दौरान लोक स्वास्थ्य विभाग के कार्यपालन अभियंता ने बताया कि हैण्डपंप के संधारण के लिए वर्तमान में 59 श्रमिक रखे गये है, जिनके द्वारा पेयजल स्त्रों का मरम्मत कार्य किया जाता है। कार्यपालन अभियंता श्री नेताम ने जानकारी देते हुए बताया कि जिले मे पीएचई द्वारा स्थिपित 12 हजार 212 हैण्डपंप है, इसके अलावा जनपद पंचायत और वन विभाग एवं खनिज विभाग द्वारा भी हैण्डपंप खनन कराया गया है, इस प्रकार जिले में लगभग 1600 हैण्डपंप स्थापित है।
कलेक्टर डॉ. प्रियंका शुक्ला ने जिले के सभी हैण्डपंपों की जांच कर बिगड़े हैण्डपंपों का तत्काल मरम्मत कराने तथा 31 जुलाई तक पेयजल स्त्रोतो का क्लोरिनेषन करने और ग्राम पंचायतों में बंद नलजल योजना की जानकारी अविलंब उपलब्ध कराने के लिए निर्देषित किया है। उनके द्वारा जल जीवन मिषन अंतर्गत रेट्रो फिटिंग, सोलर आधारित लघु नल जल योजना तथा सिंगल विलेज योजना में प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बताया गया कि जिले के 1069 ग्रामों में से 1059 ग्रामों का डीपीआर तैयार हो गया है, जिसमें से 981 ग्रामों की प्रषासकीय स्वीकृति भी मिल चुकी है, षेष बचे 72 ग्रामों की तकनीकि स्वीकृति यथाषीघ्र प्राप्त कर प्रषासकीय स्वीकृति प्राप्त करने के लिए कार्यपालन अभियंता को निर्देषित किया गया। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुमीत अग्रवाल सहित लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी संभाग कांकेर के सभी अनुविभागीय अधिकारी उपस्थित थे।