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स्वामी आत्मानंद योजना में श्रेय लेने पीएम श्री नामकरण की साजिश : कुसुम दुबे

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राजनांदगांव। केंद्र की भाजपा सरकार द्वारा स्वामी आत्मानंद योजना में पीएम श्री नाम जोड़कर श्रेय लेने को छत्तीसगढ़ के संत का अपमान निरूपित करते हुए छग प्रदेश महिला कांग्रेस की सचिव कुसुम दुबे ने कही कि छग में कांग्रेस सरकार के द्वारा शुरू की गई जनकल्याणकारी योजनाओं का नाम बदलने के अलावा इनके पास छग की शिक्षा व्यवस्था को लेकर कोई योजना नहीं है, यह साबित हुआ कि डबल इंजन यहां भी फेल है। स्वामी आत्मानंद योजना के तहत प्रदेश में 737 से अधिक स्कूल संचालित हो रहे हैं। जिसमें 4 लाख 50 हजार से अधिक बच्चे निःशुल्क अंग्रेजी की शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। आत्मानंद योजना की स्कूलें सुव्यवस्थित, पर्याप्त, फर्नीचर, शिक्षक के साथ-साथ बेहतर शैक्षणिक वातावरण से परिपूर्ण है जिसका प्रमाण 10वीं व 12वीं के परिणाम में दिखा है, क्योंकि यहां गरीब माता-पिता के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण अंग्रेजी की शिक्षा मिल रही है। भाजपा सरकार को पीएम श्री योजना के तहत उन स्कूलों का चयन करना चाहिए जो जर्जर की श्रेणी में है, ताकि इस योजना के तहत मिलने वाले राशि का सही उपयोग हो सके। पीएम श्री योजना के तहत प्रदेश के 211 स्कूलों को चयनित किया गया है, वहीं पूर्व से पीएम श्री से संचालित हो रहे उच्च शिक्षा स्तर से ख्याति प्राप्त केंद्रीय विद्यालयों की दुर्गति और शिक्षकों को कमी संविदा में काम चलने के कारण वे शिक्षक भी अनिश्चितता के चलते अपनी पूर्ण योग्यता का लाभ बच्चों को नहीं दे सक रहे है, जिसके कारण वहां शिक्षा का स्तर भी गिर गया है, यह बात पालक सार्वजनिक रुप से करते अपने बच्चों को वहां से निकालने मजबूर हो रहे है। अतः केंद्र की भाजपा सरकार आत्मानंद योजना के स्कूलों को यथावत रखें और पीएम श्री के तहत संचालित अन्य स्कूलों जैसे केंद्रीय विद्यालयों को ध्यान दे तो ज्यादा बेहतर है।