Home अन्य दलितों, आदिवासियों की कांग्रेस व बीजेपी ने की अनदेखी: मायावती

दलितों, आदिवासियों की कांग्रेस व बीजेपी ने की अनदेखी: मायावती

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बिलासपुर । बसपा प्रमुख मायावती ने छत्तीसगढ में सत्ताधारी कांग्रेस और विरोधी दल भाजपा पर जोरदार हमला किया। मायावती ने दोनों पार्टियों पर दलितों, आदिवासियों और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों की अनदेखी का आरोप लगाया । मायावती ने कहा कि आजादी के बाद से ही दलितों और आदिवासियों ने कांग्रेस को सत्ता पर बैठाया लेकिन उन्होंने ही गरीबों, मजदूरों, किसानों, छोटे व्यापारियों और मेहनतकश लोगों के साथ अन्याय किया । मायावती छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में बसपा प्रत्याशी के समर्थन में एक चुनावी रैली को संबोधित कर रही थी ।
मायावती ने कहा कि आजादी के बाद से केंद्र व राज्यों में विरोधी पार्टियों की सरकारें रही हैं । लंबे अरसे तक कांग्रेस पावर में रही । इसके अलावा भी केंद्र में अन्य विरोधी पार्टियां रहीं लेकिन दुख की बात है कि किसी भी पार्टी की सरकार ने दलितों, आदिवासियों, पिछड़े वर्गों व अल्पसंख्यक समुदाय के उत्थान और विकास लिए कोई काम नहीं किया । इन सरकारों ने दलितों, आदिवासियों की चितां नहीं की । गरीबों मजदूरों व किसानों की परवाह भी नहीं की । मायावती ने बाबा साहेब अम्बेडकर को याद करते हुए कहा कि उन्होंने जिस वर्ग के लिए संविधान में व्यवस्था की थी उस वर्ग विशेष को पूरा लाभ नहीं मिल रहा है । आज भी दलित और आदिवासी संविधान प्रदत्त कानूनी अधिकारों से वंचित हैं । उन्होंने साफ़ कहा कि अगर इस वर्ग के लोगों के कल्याण के लिए केंद्र की सरकारों ने ईमानदारी से काम किया होता तो हमें बहुजन समाज पार्टी बनाने की जरुरत ही नहीं पड़ती।
मायावती ने कहा कि सरकारी नौकरियों में आरक्षण की जो सुविधा मिली है, यह बाबा साहेब अम्बेडकर की ही देन है । उन्होंने कांग्रेस और भाजपा पर सीधा आरोप लगाया कि विरोधी पार्टियाँ कोर्ट की आड़ में आरक्षण को काफी हद तक खत्म करने की कोशिश में लगी हुई हैं । कमोबेश यही स्थिति छत्तीसगढ़ में भी देखने को मिल रही है । पिछले कुछ वर्षों से केंद्र में भाजपा व अन्य विरोधी दलों की सरकार ने आरक्षण का उचित कोटा जारी नहीं किया है । इससे उनकी जातिवादी मानसिकता साफ़ झलकती है । उन्होंने निजी संस्थानों में आरक्षण की व्यवस्था लागू करने की पैरवी भी की ।
मायावती ने केंद्र की भाजपा सरकार के महिला आरक्षण विधेयक पर भी तीखी टिप्पणी की । उन्होंने कहा कि महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण तो दे दिया लेकिन इसमें अनुसूचित जाति,अनुसूचित जनजाति और पिछड़ा वर्ग की महिलाओं की उपेक्षा कर दी गई है ।
कांग्रेस के जातिगत जनगणना के मुद्दे पर भी बसपा प्रमुख मायावती ने सवाल उठाया । उन्होंने पूछा, जनसंख्या के अनुपात में आरक्षित वर्ग के लोगों को सुविधा ही नहीं देनी है तो इस तरह की जनगणना का अर्थ क्या है ?
उन्होंने किसी का नाम लिए बगैर केंद्र सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि देश में क्या चल रहा है यह सबको पता है । दलित, आदिवासी, पिछड़ा वर्ग और गरीबों के उत्थान को लेकर काम नहीं हो रहा है । केंद्र की भाजपा सरकार के नीतियों के कारण किसानों की स्थिति खराब है । गलत नीतियों के कारण देश में गरीबी, बेरोजगारी, महंगाई बढ़ रही है । चंद पूंजीपतियों और धन्ना सेठों का विकास हो रहा है । देश में हर स्तर पर भ्रष्टाचार तेजी से बढ़ रहा है ।
मायावती ने कहा कि छत्तीसगढ़ में भी दलितों, आदिवासियों पर अत्याचार हो रहा है । आदिवासियों को जबरन नक्सली बताकर उनका शोषण किया जा रहा है । यहाँ दूसरे अल्पसंख्यक समुदाय की भी हालत ठीक नहीं है । यहाँ बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हो रहा है । छत्तीसगढ़ में सट्टेबाजी चरम पर है । इसमें मुख्यमंत्री की संलिप्तता की खबर भी आए दिन आती रहती है े