Home छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में बीएसपी पेवेलियन की सराहना

छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में बीएसपी पेवेलियन की सराहना

130
0
SAVE_20260918_191029
SAVE_20260918_191016
SAVE_20260918_191024

छत्तीसगढ़ राज्य के स्थापना दिवस (1 नवम्बर) के अवसर पर, 4 से 6 नवम्बर 2024 तक अटल नगर नवा रायपुर में आयोजित छत्तीसगढ़ राज्योत्सव मनाया जा रहा है। छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में विभिन्न स्टालों का निर्माण किया गया है, जिनमें विभिन्न संस्थाओं और सरकारी विभागों द्वारा प्रदर्शनी लगाई गई है। इस कार्यक्रम में सेल-भिलाई इस्पात संयंत्र शामिल है। इस पेवेलियन में भिलाई इस्पात संयंत्र द्वारा भारतीय रेलवे के लिए वांछित ग्रेड के रेल्स उत्पादन के अलावा संयंत्र की विभिन्न इकाइयों द्वारा उत्पादित इस्पात का  विभिन्न सामरिक क्षेत्रों और राष्ट्रीय महत्व की परियोजनाओं में उपयोग को दर्शाया गया है।

इस अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्योत्सव सम्मिलित दर्शकगण, छत्तीसगढ़ सरकार के अधिकारियों आदि ने बीएसपी के पेवेलियन की सराहना की और आकर्षक पैनल, कटआउट और फिल्मों में गहरी रुचि ली। इस पेवेलियन में भिलाई इस्पात संयंत्र की विभिन्न इकाइयों खदान, कोक ओवन, ब्लास्ट फर्नेस, सिंटर प्लांट्स, स्टील मेल्टिंग शॉप्स, यूनिवर्सल रेल मिल, प्लेट मिल, बार एंड राॅड मिल, मर्चेन्ट मिल तथ वायर राॅड मिल में प्रचालन प्रक्रियाओं को प्रदर्षित किया गया है।

बीएसपी के पेवेलियन में बीएसपी उत्पाद के साथ-साथ सीएसआर गतिविधि, ग्रामीण विकास, सुरक्षा, चिकित्सा सुविधाएँ, पुरस्कार, देव बलौदा स्थित प्राचीन शिव मंदिर का संरक्षण, परियोजनाएं आदि के आकर्षक पैनल प्रदर्शित किये गए हैं। भारतीय नौसेना के विमानवाहक पोत, आईएनएस विक्रांत और अन्य युद्धपोतों के निर्माण में भी सेल-भिलाई द्वारा उत्पादित स्टील का उपयोग किया गया है। जिसका मॉडल बीएसपी पेवेलियन में प्रदर्शनी हेतु रखा गया है।

सेल-बीएसपी में उत्पादित इस्पात का उपयोग रक्षा, ऊर्जा और बिजली क्षेत्र के साथ ही कंस्ट्रक्शन और इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स जैसे पुलों, राजमार्गों, सुरंगों, फ्लाईओवर सहित भूकंपीय और संक्षारण संभावित क्षेत्रों में ऊंची इमारतों और औद्योगिक संरचनाओं में, भारी मशीनरी, तेल और गैस क्षेत्र, अंतरिक्ष क्षेत्र, परमाणु ऊर्जा प्रतिष्ठानों आदि में किया जाता है। भिलाई द्वारा उत्पादित स्टील का उपयोग जम्मू-कश्मीर में चिनाब नदी पर बने विश्व के सबसे ऊंचे रेलवे पुल के निर्माण में भी किया गया है, जिसके अंतर्गत प्लेट्स, टीएमटी बार और स्ट्रक्चरल्स शामिल हैं। जम्मू-कश्मीर में चिनाब नदी पर स्थित यह पुल नदी तल से 359 मीटर की ऊंचाई पर है। किसी भी निर्माण प्रक्रिया और औद्योगिक गतिविधि के लिए स्टील सबसे महत्वपूर्ण घटकों में से एक है। अभियांत्रिकी की अभिनव कृति से युक्त पुल 266 किमी प्रति घंटे हवा की तेज रफ्तार और उच्चतम तीव्रता के भूकंपीय तरंगों का सामना करने में सक्षम है। यह पुल न केवल क्षेत्र में तेज और कुशलतम परिवहन की सुविधा प्रदान करेगा बल्कि सभी मौसम में उपयोग करने हेतु भी सुगम होगा। बल्कि चेनाब रेल पुल वस्तुतः देश के लिए सामरिक महत्व की परियोजना है। जिसके विहंगम दृश्य का प्रदर्शन बीएसपी पेवेलियन के एक पैनल में इस पुल की विस्तृत जानकारी के साथ किया गया है। बुलेट ट्रेन परियोजना हेतु भी सेल-बीएसपी द्वारा बड़ी मात्रा में टीएमटी बार्स की आपूर्ति की गई है। सेल-भिलाई इस्पात संयंत्र ने देश की राजधानी में निर्मित सेंट्रल विस्टा परियोजना में उपयोग हेतु भी टीएमटी उत्पादों की आपूर्ति की है।

राष्ट्र निर्माण में भिलाई इस्पात संयंत्र के उत्पादों के योगदान तथा बीएसपी निर्मित विभिन्न गुणात्मक उत्पादों को भी प्रदर्षित किया जा रहा है। भिलाई इस्पात संयंत्र के सतत प्रयासों से ग्रामीण विकास के लिए दूरस्थ और आदिवासी क्षेत्रों में संयंत्र द्वारा किए गए सामाजिक और सीएसआर गतिविधियों को पेवेलियन में कलात्मक रूप से प्रदर्शित किया गया है। बीएसपी का पेवेलियन आकर्षक पैनल, कटआउट और फिल्मों के प्रदर्शन के कारण लोगों को आकर्षित कर रहा है। जनसंपर्क विभाग द्वारा दर्शकों के जिज्ञासाओं का समुचित समाधान किया जा रहा है।

सेल-भिलाई इस्पात संयंत्र के इस्पात का उपयोग विभिन्न सामरिक क्षेत्रों और राष्ट्रीय महत्व की परियोजनाओं में किया गया है। भारतीय रेलवे के लिए वांछित ग्रेड के रेल्स उत्पादन के अलावा सेल-बीएसपी चैड़ी, मोटी और हेवी प्लेटों की विविध श्रृंखला का उत्पादन तथा विभिन्न अनुप्रयोगों हेतु वैल्यू एडेड स्पेशल स्टील ग्रेड प्लेट की रोलिंग करता है। संयंत्र द्वारा उत्पादित टीएमटी उत्पादों की पूरी श्रृंखला भूकंपरोधी और जंगरोधी गुणों के साथ उच्च गुणवत्ता की है। इसके अतिरिक्त संयंत्र चैनल्स, एंगल्स और बीम्स सहित स्ट्रक्चरल ग्रेड स्टील का भी उत्पादन करता है।