Home छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ विद्युत नियामक आयोग के नवनियुक्त अध्यक्ष...

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ विद्युत नियामक आयोग के नवनियुक्त अध्यक्ष श्री हेमन्त वर्मा को शपथ दिलाई

182
0
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM (2)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.00 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.59 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.00 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.01 AM

रायपुर, 03 जुलाई 2021मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज सवेरे राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ विद्युत नियामक आयोग के नवनियुक्त अध्यक्ष श्री हेमन्त वर्मा को पद और गोपनीयता तथा संविधान के प्रति निष्ठा की शपथ दिलाई। मुख्यमंत्री ने उन्हें शुभकामनाएं दीं। श्री हेमन्त वर्मा छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग के पांचवे अध्यक्ष बनें।विशेष सचिव ऊर्जा और छत्तीसगढ़ पॉवर कंपनियों के अध्यक्ष श्री अंकित आनंद, छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर होलिं्डग कंपनी लिमिटेड की एम.डी.श्रीमती उज्जवला बघेल, छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड के एम.डी.श्री हर्ष गौतम, छत्तीसगढ़ राज्य पावर ट्रांसमिशन कंपनी के एम.डी. श्री एस.डी. तेलंग, छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर जनरेशन कंपनी लिमिटेड के एम.डी. श्री एन.के. बिजौरा, छत्तीसगढ़ विद्युत नियामक आयोग के सदस्य श्री विनोद देशमुख, श्री पी.के. देशमुख, श्री प्रमोद गुप्ता, सचिव श्री एम.एस. रत्नम, डायरेक्टर छत्तीसगढ़ विद्युत नियामक आयोग श्री एस.पी. शुक्ला, नोडल अधिकारी श्री मनोज वर्मा इस अवसर पर उपस्थित थे।गौरतलब है कि मूलतः छत्तीसगढ़ के निवासी श्री वर्मा की सम्पूर्ण शिक्षा भिलाई एवं रायपुर हुई है। श्री वर्मा ने एन.आई.टी रायपुर से 1985 में मैकेनिकल इंजीनियरिंग की डिग्री प्राप्त की है और दिल्ली आई.आई.टी. से एनर्जी स्ट्डीस में स्नातकोत्तर डिग्री एवं फाइनेंस में एम.बी.ए. किया है। विगत 30 वर्षों से वे पॉवर सेक्टर में कार्यरत हैं। उन्हें शासकीय क्षेत्र के साथ-साथ निजी क्षेत्र में भी कार्य करने का व्यापक अनुभव है। उनके आगामी पाँच वर्ष के अध्यक्ष का कार्यकाल छत्तीसगढ़ में पॉवर सेक्टर के विकास की दिशा के निर्धारण के लिए महत्वपूर्ण रहंेगे। छत्तीसगढ़ में कोयले आधारित विद्युत उत्पादन की क्षमता का अधिक से अधिक राज्य के हित में उपयोग के साथ-साथ आम उपभोक्ताओं को 24 घण्टे गुणवत्तापूर्ण बिजली किफायती दरों पर उपलब्ध कराने में उनके अनुभव का लाभ छत्तीसगढ़ को मिलेगा। इसके अतिरिक्त राज्य की नई औद्योगिक नीति के अंतर्गत तेजी से हो विकसित हो रहे उद्योगों को राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा में बनाये रखने के लिए उनका अनुभव राज्य के हित में महत्वपूर्ण होगा।