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ओड़िशा के पहले मुख्यमंत्री डॉ. हरकृष्ण महताब की जयंती में शामिल हुए राज्यपाल हरिचंदन

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रायपुर : छत्तीसगढ़ के राज्यपाल  विश्वभूषण हरिचंदन अपने ओड़िशा प्रवास के दूसरे दिन आज भुवनेश्वर मे स्वतंत्र ओड़िशा के पहले मुख्यमंत्री डॉक्टर हरकृष्ण महताब की जयंती समारोह में शामिल हुए।

उक्त समारोह के मुख्य अतिथि श्री हरिचंदन ने डॉक्टर महताब के सपनों के अनुरूप ओडिशा राज्य के विकास के लिए काम करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि राज्यों को एकजुट करने में डॉक्टर महताब की भूमिका अद्वितीय और महत्वपूर्ण थी। उनके कार्यकाल में ओडिशा का बहुमुखी विकास हुआ। अपने छात्र जीवन के दौरान ही देश को स्वतंत्र देखने के लिए वे स्वतंत्रता संग्राम में शामिल हो गये और आम लोगों तक स्वतंत्रता चेतना का संदेश फैलाया।

श्री हरिचंदन ने कहा कि महात्मा गांधी के आह्वान से प्रेरित होकर अनेक लोगों ने स्वतंत्रता संग्राम की लड़ाई लड़ी। डॉ महताब ने लोगों में अंग्रेजों के खिलाफ जागृति पैदा करने के लिए प्रजापुर नामक एक दैनिक समाचार पत्र प्रकाशित किया। उन्होंने आगे कहा कि डॉ महताब ने अपने राजनीतिक जीवन के अलावा साहित्य, संस्कृति विकास और संरक्षण के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय काम किए हैं, जिन्हें ओडिशा के लोग हमेशा याद रखेंगे। ओड़िशा साहित्य को समृद्ध करने और ओडिशा में नए लेखकों को तैयार करने के लिए, वह ‘झंकार’ साहित्यिक पत्रिका प्रकाशित करते थे और साहित्यिक लोगों को एक साथ लाने के लिए उत्सव का आयोजन करते थे। डॉक्टर महताब उद्योग,व्यापार और संस्कृति के विकास के लिए ओड़िसा के अग्रदूत थे। समारोह में विभिन्न स्थानों से पारंपरिक परिधानों के साथ आये सैकड़ों गणमान्य व्यक्तियों को राज्यपाल ने अपने पूर्ववर्तियों के गौरव, वीरता एवं विजय की कहानियों की याद दिलायी तथा उन्हीं की तरह अन्याय से लड़ने का आह्वान किया।

इस अवसर पर राज्यपाल के साथ जटनी विधायक सुरेश रौथराई, पूर्व विधायक फिलिप श्रीचंदन, समिति के सदस्य और प्रबुद्ध जन उपस्थित थे।