Home छत्तीसगढ़ बीजापुर : जहां लगती थी जनताना सरकार की दरबार, वहां लगी प्रधानमंत्री...

बीजापुर : जहां लगती थी जनताना सरकार की दरबार, वहां लगी प्रधानमंत्री आवास की चौपाल

23
0
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM (2)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.00 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.59 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.00 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.01 AM

रानीबोदली के आश्रित ग्राम गट्टापल्ली में 35 परिवारों को प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत

बीजापुर, 18 दिसंबर 2025

रानीबोदली का नाम सुनते ही आज भी लोगों की रूह कांप उठती है। 15 मार्च 2007 को माओवादियों द्वारा रानीबोदली में किया गया खूनी हमला देश कभी नहीं भूल सकता जिसमें 55 जवान शहीद हुए थे और 25 जवान गंभीर रूप से घायल हुए थे। कभी नक्सल हिंसा और जनताना सरकार की दरबार के लिए कुख्यात यह क्षेत्र अब विकास की नई इबारत लिख रहा है।

बदलते हालात के बीच कलेक्टर श्री संबित मिश्रा के निर्देशन तथा जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती नम्रता चौबे के मार्गदर्शन में रानीबोदली के आश्रित ग्राम गट्टापल्ली में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास चौपाल का आयोजन किया गया। जिला पंचायत के अधिकारियों की उपस्थिति में आयोजित इस चौपाल में ग्रामीणों को शासन की योजनाओं से जोड़ने का प्रयास किया गया।

रानीबोदली से लगभग 4 किलोमीटर अंदर स्थित आश्रित ग्राम गट्टापल्ली तक पहुंचने के लिए कच्चे सड़क मार्ग से रानीबोदली नाला पार करना पड़ता है। पूर्व में इसी नाले पर नक्सलियों का नाका लगा रहता था जहां पूछताछ के बाद ही लोगों को अंदर जाने की अनुमति मिलती थी। उस समय सरकारी अमले का इस क्षेत्र में प्रवेश लगभग असंभव था। रानीबोदली ग्राम पंचायत के अंतर्गत गट्टापल्ली, मुरकीनार एवं कततूर तीन आश्रित ग्राम हैं।

गट्टापल्ली एवं मुरकीनार में कुल 35 प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत किए गए हैं इन्हीं आवासों के निर्माण हेतु हितग्राहियों को प्रेरित करने जिला स्तर के अधिकारी पहली बार गट्टापल्ली पहुंचे और आवास हितग्राहियों के साथ चौपाल लगाई। अधिकारियों को अपने बीच पाकर ग्रामीणों में खुशी और उत्साह देखने को मिला।

चौपाल के दौरान अधिकारियों ने हितग्राहियों को शीघ्रता से प्रधानमंत्री आवास निर्माण प्रारंभ करने के लिए प्रेरित किया। साथ ही पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अन्य योजनाओं जैसे मनरेगा, स्वच्छ भारत मिशन सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई। ग्रामीणों को आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, जन्म प्रमाण पत्र, पेंशन योजनाओं सहित शासन द्वारा उपलब्ध सुविधाओं के लाभ के बारे में भी अवगत कराया गया। यह चौपाल न केवल आवास निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई बल्कि यह भी दर्शाती है कि जहां कभी डर और हिंसा का साया था वहां अब विकास और विश्वास की बुनियाद मजबूत हो रही है।