Home छत्तीसगढ़ लोकतंत्र की असल नींव पंचायती राज सिस्टम : क्रांति बंजारे

लोकतंत्र की असल नींव पंचायती राज सिस्टम : क्रांति बंजारे

108
0
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM (2)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.00 AM (1)
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.59 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.48.58 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.00 AM
WhatsApp Image 2026-08-15 at 7.49.01 AM

राजनांदगांव। राजीव गांधी पंचायती राज संगठन का दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन बीते दिनों नई दिल्ली के जवाहर भवन में आयोजित किया गया। पंचायती राज संगठन की राष्ट्रीय अध्यक्ष मीनाक्षी नटराजन के नेतृत्व में आयोजित राष्ट्रीय अधिवेशन में एआईसीसी मेंबर, राजीव गांधी पंचायती राज संगठन की संभागीय समन्वयक व पूर्व जिला पंचायत सदस्य क्रांति बंजारे भी शामिल हुईं। मुख्य मंच में 23 राज्यों के प्रतिनिधियों को मंच साझा करने का मौका मिला। एआईसीसी मेंबर क्रांति बंजारे ने भी मंच में अपने विचारों को रखा व सारगर्भित उद्बोधन दिया। इस दौरान उन्होंने भारत जोड़ो यात्रा के अनुभव को साझा भी किया। साथ ही छत्तीसगढ़ के संबंधित जानकारी भी साझा करते हुए राज्य सरकार की योजनाओं का बखान किया। बता दें कि भारत जोड़ो यात्रा के दौरान क्रांति, राहुल गांधी के साथ कदम से कदम मिलाकर चली है। राष्ट्रीय मंच से पंचायती राज पर विकेंद्रीकरण सत्ता हस्तांतरण पर आर्थिक सामाजिक के संदर्भ में क्रांति ने अपनी बातें बेबाकी से रखी। क्रांति ने कहा कि लोकतंत्रकी नींव पंचायत राज सिस्टम है। राष्ट्रीय अधिवेशन में पंचायती राज के जनप्रतिनिधियों को किस तरह से जमीनी स्तर पर कार्य करने चाहिए और जनता से किस तरह जुड़ाव किया जा सकता है। ऐसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। राष्ट्रीय अधिवेशन में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने विकेंद्रीकरण, सामाजिक न्याय, पर्यावरण संरक्षण, ग्रामसभा की भूमिका जैसे मुख्य बिंदुओं का विस्तार से बताया। राष्ट्रीय अधिवेशन में केसी वेणुगोपाल प्रभारी महासचिव के राजू, सचिन राव, युवक कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीनिवास बीवी, महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेट्टा डिसूजा, सेवादल के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालजी भाई देसाई, राजीव गांधी पंचायतीराज संगठन की राष्ट्रीय अध्यक्ष नटराजन, पूर्व केंद्रीयमंत्री मणिशंकर अय्यर, राज्यसभा के उपनेता प्रमोद तिवारी, हर्षवर्धन सपकाल, कुनाल बैनर्जी समेत कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। राष्ट्रीय अधिवेशन में संगठन की कार्यशैली एवं 10 साल के सफर पर भी विस्तार से चर्चा की गई। नई दिल्ली में राष्ट्रीय मंच मिलने पर क्रांति ने कहा कि राष्ट्रीय मंच में बोलने का पल अविस्मरणीय रहा।